खेल

Asian Championship 2026: भारत ने जीता कांस्य, संघर्ष की प्रेरणादायक कहानी

Asian Championship 2026: भारत ने जीता कांस्य, संघर्ष की प्रेरणादायक कहानी

भारत ने पैरा स्पोर्ट्स में एक नया इतिहास रच दिया है। Wheelchair Rugby Asian Regional Championship 2026 में भारतीय टीम ने कांस्य पदक जीतकर देश का नाम रोशन किया है।

यह इस खेल में भारत का पहला अंतरराष्ट्रीय पदक है, जिसने पूरे देश को गर्व से भर दिया है। लेकिन इस जीत की कहानी सिर्फ एक मेडल तक सीमित नहीं है… यह संघर्ष, जुनून और हिम्मत की कहानी है। बिना किसी सरकारी फंडिंग या स्पॉन्सरशिप के, खिलाड़ियों ने खुद करीब 1250 डॉलर यानी लगभग 1 लाख रुपये प्रति व्यक्ति जुटाए… और अपने लिए स्पेशल रग्बी व्हीलचेयर खरीदी।

टीम की अगुवाई कप्तान Nikhil Gupta ने की… जिनके साथ अनिल कुमार, अजीत, भावेश त्रिवेदी, धवल पटेल, फैयाज शेख और गोकुलाकन्नन जैसे खिलाड़ी शामिल रहे। कोच Devid Kumar के मार्गदर्शन में टीम ने शानदार प्रदर्शन कियाजबकि असिस्टेंट कोच शैलजा वालिया और तकनीकी टीम ने भी अहम भूमिका निभाई। कठिन परिस्थितियों के बावजूद… भीषण गर्मी, संसाधनों की कमी और यहां तक कि चार खिलाड़ियों के घायल होने के बावजूद टीम ने हार नहीं मानी।

खेल भावना का एक शानदार उदाहरण भी देखने को मिला… जब इंडोनेशिया की टीम ने अपनी अतिरिक्त व्हीलचेयर भारत को दी… ताकि भारतीय खिलाड़ी बेहतर प्रदर्शन कर सकें। भारत में व्हीलचेयर रग्बी अभी शुरुआती दौर में है… जहां इंफ्रास्ट्रक्चर और महंगे उपकरण बड़ी चुनौती बने हुए हैं।
लेकिन इस जीत के बाद उम्मीदें और भी बढ़ गई हैं। अब भारतीय टीम की नजर जापान में होने वाले पैरा एशियन गेम्स पर है जहां वे और बड़ा इतिहास रचने की तैयारी कर रहे हैं।

Show More

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button