Shalimar Bagh Murder Case: शालीमार बाग में चश्मदीद रचना यादव हत्याकांड का खुलासा, तीन बदमाश बिहार से गिरफ्तार
राजधानी दिल्ली के शालीमार बाग थाना इलाके में 10 जनवरी को हुई रचना यादव की हत्या के मामले में दिल्ली पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने इस सनसनीखेज हत्याकांड में शामिल तीन बदमाशों को बिहार के कटिहार से गिरफ्तार कर लिया है। रचना यादव अपने प्रॉपर्टी डीलर पति विजेंद्र यादव की हत्या की मुख्य चश्मदीद गवाह थीं और इसी कारण उन्हें साजिश के तहत निशाना बनाया गया। पुलिस जांच में सामने आया है कि इस हत्या की साजिश रचने वालों में भरत यादव भी शामिल था, जो पहले से ही विजेंद्र यादव की हत्या के मामले में फरार चल रहा था।
दिल्ली पुलिस के अनुसार, 10 जनवरी को बदमाशों ने रचना यादव के सिर में गोली मारकर उनकी हत्या कर दी थी। इस वारदात ने दिल्ली में कानून-व्यवस्था और सुरक्षा व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए थे। रचना यादव आम आदमी पार्टी से जुड़ी सक्रिय कार्यकर्ता भी थीं, जिसको लेकर राजनीतिक स्तर पर भी मामला काफी गरमा गया था।
पुलिस अधिकारी ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों की पहचान भरत यादव, निखिल और सुमित के रूप में हुई है। साल 2023 में रचना यादव के पति विजेंद्र यादव की प्रॉपर्टी विवाद को लेकर गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। उस मामले में रचना यादव मुख्य चश्मदीद गवाह थीं। पुलिस ने उस वक्त पांच आरोपियों को गिरफ्तार किया था, लेकिन मुख्य साजिशकर्ता भरत यादव फरार हो गया था। उसकी गिरफ्तारी के लिए पुलिस ने एक लाख रुपये का इनाम भी घोषित किया था।
जांच में खुलासा हुआ है कि भरत यादव के इशारे पर ही निखिल ने अपने साथी सुमित के साथ मिलकर रचना यादव की हत्या की योजना बनाई और उसे अंजाम दिया। दोनों शूटर हरियाणा के पानीपत के रहने वाले बताए जा रहे हैं। पुलिस के मुताबिक, दोनों को इस हत्या के बदले पांच लाख रुपये की सुपारी देने का वादा किया गया था। निखिल ने ही फायरिंग की थी और यह दोनों आरोपियों की पहली आपराधिक वारदात बताई जा रही है।
मामले की गंभीरता को देखते हुए दिल्ली पुलिस ने कई विशेष टीमों का गठन किया था। निरीक्षक सोमवीर सिंह के नेतृत्व में पुलिस ने घटनास्थल से लेकर बदमाशों के फरार होने के रास्तों तक करीब 300 सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। घटना के अगले ही दिन पुलिस ने रोहिणी इलाके से बदमाशों की इस्तेमाल की गई बाइक बरामद कर ली थी। इसके साथ ही घटनास्थल के आसपास सक्रिय मोबाइल नंबरों की तकनीकी जांच की गई, जिसके आधार पर पुलिस की टीमें बिहार के कटिहार तक पहुंचीं।
लगातार तकनीकी और मानवीय खुफिया जानकारी के आधार पर सोमवार को दिल्ली पुलिस ने कटिहार में दबिश देकर तीनों आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया। पुलिस अब सभी आरोपियों को दिल्ली लाकर पूछताछ कर रही है। जांच में यह भी साफ हो गया है कि पूरी हत्या की साजिश भरत यादव ने ही रची थी और रचना यादव को केवल इसलिए मारा गया क्योंकि वह अपने पति की हत्या की सबसे अहम गवाह थीं।
इस दोहरे हत्याकांड ने दिल्ली में गवाहों की सुरक्षा और संगठित अपराध पर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं। पुलिस का कहना है कि मामले की चार्जशीट जल्द दाखिल की जाएगी और आरोपियों के खिलाफ सख्त से सख्त कार्रवाई की जाएगी।