Delhi fire:दिल्ली में देर रात आग का कहर: लक्ष्मी नगर से रोहिणी तक कई इलाकों में भड़की आग, लाखों का नुकसान
राजधानी दिल्ली में शुक्रवार देर रात आग की कई बड़ी घटनाओं ने अफरा-तफरी मचा दी। पश्चिमी दिल्ली के पंजाबी बाग, पूर्वी दिल्ली के लक्ष्मी नगर और रोहिणी सेक्टर-24 समेत अलग-अलग इलाकों में लगी आग ने लोगों की नींद उड़ा दी और कई परिवारों को भारी नुकसान झेलना पड़ा। इन घटनाओं में राहत की बात यह रही कि समय रहते लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया, जिससे कोई जनहानि नहीं हुई।
पूर्वी दिल्ली के लक्ष्मी नगर इलाके में देर रात ट्रांसफार्मर में लगी आग ने विकराल रूप ले लिया। स्थानीय लोगों के अनुसार, आग की शुरुआत ट्रांसफार्मर से हुई और बिजली के तारों के जरिए तेजी से आसपास की रिहायशी इमारतों तक फैल गई। घटना रात करीब 12 बजे की बताई जा रही है, जब ज्यादातर लोग अपने घरों में सो रहे थे। अचानक धुआं और लपटें उठती देख लोगों में हड़कंप मच गया और वे जान बचाने के लिए छतों और सीढ़ियों के रास्ते बाहर निकलने लगे।
स्थानीय निवासियों ने तुरंत दमकल विभाग, पुलिस और बिजली विभाग को सूचना दी, लेकिन आरोप है कि दमकल टीम को मौके पर पहुंचने में करीब एक घंटे की देरी हुई। इस दौरान आग ने चार मकानों को अपनी चपेट में ले लिया और घरों के अंदर रखा सामान जलकर राख हो गया। बाद में दमकल की कई गाड़ियां मौके पर पहुंचीं और कड़ी मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया।
दमकल अधिकारियों के मुताबिक, सभी लोगों को समय रहते सुरक्षित बाहर निकाल लिया गया था। पूरी इमारत की तलाशी ली गई और किसी के हताहत होने की पुष्टि नहीं हुई। हालांकि, आग की वजह से चार मकानों में रखा कीमती सामान पूरी तरह नष्ट हो गया, जिससे लाखों रुपये के नुकसान का अनुमान लगाया जा रहा है।
इसी बीच, रोहिणी सेक्टर-24 के पॉकेट-20 में भी एक चार मंजिला इमारत में अचानक भीषण आग लग गई। दमकल विभाग को रात 8 बजकर 54 मिनट पर सूचना मिली, जिसके बाद छह दमकल गाड़ियों को तुरंत मौके पर भेजा गया। आग तेजी से फैल रही थी, लेकिन दमकल कर्मियों ने समय रहते इमारत में मौजूद सभी लोगों को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
करीब दो घंटे की कड़ी मशक्कत के बाद रात लगभग 11 बजे आग पर पूरी तरह काबू पा लिया गया। शुरुआती जांच में आग लगने का कारण शॉर्ट सर्किट माना जा रहा है, हालांकि इसकी आधिकारिक पुष्टि अभी बाकी है।
वहीं पश्चिमी दिल्ली के पंजाबी बाग इलाके में भी आग लगने से सैकड़ों गरीबों के आशियाने जलकर खाक हो गए, जिससे कई परिवार बेघर हो गए हैं। इन लगातार घटनाओं ने एक बार फिर शहर में फायर सेफ्टी और बिजली व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं।